कहीं आप बीपी–शुगर के मरीज तो नहीं बन रहे? समय रहते अपनाएं स्वस्थ जीवनशैली

जिला कलेक्टर डॉ. संजय कन्नौजे के निर्देशानुसार आमजन में उच्च रक्तचाप (बीपी) और मधुमेह (शुगर) की बढ़ती प्रवृत्ति को रोकने के लिए जागरूकता अभियान चलाया जा रहा है। इसी क्रम में लोगों से अपील की गई है कि वे समय रहते सतर्क हो जाएं और स्वस्थ जीवनशैली अपनाएं।
मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी (सीएमएचओ) डॉ. एफ. आर. निराला ने बताया कि तंबाखू, गुटखा, बीड़ी, सिगरेट, शराब सहित सभी प्रकार के नशे से दूरी बनाना बेहद आवश्यक है। साथ ही प्रतिदिन कम से कम 25 मिनट तेज चलना, नियमित योग करना, भोजन में नमक व शक्कर की मात्रा कम रखना और अधिक शर्करा युक्त व नमकीन खाद्य पदार्थों से परहेज करना स्वास्थ्य के लिए लाभकारी है।
उन्होंने कहा कि जो लोग पहले से बीपी या शुगर के मरीज हैं, वे नियमित रूप से दवाइयां लें, फॉलोअप कराएं और संतुलित जीवनशैली अपनाएं, जिससे इन बीमारियों पर नियंत्रण पाया जा सकता है। जिले के सभी आयुष्मान आरोग्य मंदिरों में जांच की सुविधा उपलब्ध है। 30 वर्ष से अधिक आयु के नागरिकों से अपील है कि वे अपनी जांच अवश्य कराएं तथा नि:शुल्क दवाइयों और परामर्श का लाभ लें।
तंबाखू मुक्त संस्थान पर जोर
डॉ. निराला ने बताया कि सभी शासकीय एवं निजी संस्थानों को तंबाखू मुक्त बनाया जाना है। शैक्षणिक संस्थानों के 75 गज की परिधि में तंबाखू उत्पादों की बिक्री प्रतिबंधित है। 18 वर्ष से कम आयु के व्यक्तियों को तंबाखू बेचना या उनसे खरीद करवाना कानूनन अपराध है।
उन्होंने तंबाखू को सस्ता और आसानी से उपलब्ध होने के कारण अत्यधिक घातक बताते हुए कहा कि इसकी लत जल्दी लगती है। अतः इससे बचें और अपने गांव को तंबाखू मुक्त बनाने में सहयोग करें।
यह जानकारी सीएमएचओ डॉ. एफ. आर. निराला द्वारा शिक्षकों को उनके नियमित प्रशिक्षण स्थलों पर दी जा रही है। अब तक बिलाईगढ़ ब्लॉक में 5 सत्र और सारंगढ़ ब्लॉक में 2 सत्र आयोजित किए जा चुके हैं।




